Loose Motion – दस्त रोकने के आयुर्वेदिक और घरेलू उपाय

Loose Motion – दस्त रोकने के आयुर्वेदिक और घरेलू उपाय

लूज़ मोशन (Loose motion) या दस्त में बार बार मलत्याग करने की इच्छा होती है जिसमें पतला या तरल उत्सर्जन होता है. प्रत्येक व्यक्ति को साल में एक या दो बार दस्त लगने की समस्या होती ही है. यह एक सामान्य समस्या है जिसके बच्चों और वयस्कों में होने के अलग अलग कारण हो सकते हैं. आम तौर पर दस्त लग्न हानिकारक नहीं होता लेकिन इसकी वजह से शरीर में डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है जो पानी की कमी से होती है. यह अपने आप नियन्त्रण में तो आ जाता है लेकिन फिर भी इसके लिए दवा लेने की ज़रूरत पड़ती है.

Loose Motion

दस्त (Loose Motion)  के दौरान शरीर से ज़रूरी मिनरल्स और पानी बाहर निकल जाता है जिसके कारण शरीर में तरल की कमी हो सकती है. घर पर कुछ आसान से उपाय कर आप लूस मोशन को ठीक कर सकते हैं.

नमक (Loose Motion – Table salt)

नमक का सेवन दस्त को रोकने के लिए कारगर होता है. इसके लिए नमक की कुछ मात्रा को फांक लेने से ही आराम मिलता है. इसके अलावा नमक खाकर थोडा गर्म पानी ऊपर से पी लें. इससे सेवन में भी आसानी होती है. अगर आप नमक को सीधे नहीं खा पा रहे हैं तो थोड़ी अधिक मात्रा में नमक को पानी में घोलकर मिश्रण बना लें. इसे पीने से भी लाभ होता है.

दूध और नींबू का रस – दस्त रोकने के उपाय (Milk and lemon juice for stopping loose motion instantly)

एक कप ठंडे दूध में आधा नींबू निचोड़ लें. इसे तुरंत पी लें और इसके सेवन के 30 मिनट बाद तक कुछ ना खाएं. इस उपाय से आपको ज़रूर लाभ होगा. इस उपाय को दिन में 2 से 3 बार करें.

पुदीना और नींबू का रस (Mint and lemon to cure loose motion in Hindi)

पुदीने का रस या ताजे पत्ते दस्त को रोकने में काफी प्रभावी होते हैं. इसमें ताजे नींबू का रस मिलाकर इसे सेवन करने से दस्त रुक जाती है, साथ ही पेट को भी राहत मिलती है.15 से 20 पुदीने के पत्तों को पीसकर एक गिलास पानी में मिला लें, इसमें नींबू का रस मिलाएं और दिन में 2 से 3 बार पियें.

अदरक का रस (Ginger juice – loose motion ka upay in Hindi)

दस्त के घरेलू उपाय में अदरक का रस भी एक कारगर घरेलू नुस्खा है जो पतली दस्त में तुरंत राहत देता है. यह पेट की समस्या को दूर करने में भी मदद करता है. इसके लिए 2 इंच अदरक के टुकड़े को काटकर छिल लें. इसे कुचलकर या कद्दूकस कर के गुनगुने पानी में इसके रस को मिलाकर पी लें. इसे भी दिन में 2 से 3 बार लेना चाहिए.

Loose Motion

कच्चा केला (Green banana – how to cure loose motion in Hindi)

कच्चा केला आयरन का उत्तम स्रोत होता है जो पेट से जुडी समस्या जैसे कब्ज और पतली दस्त को ठीक करता है. अगर किसी व्यक्ति को पतला पखाना बार बार हो रहा हो तो कच्चे केले कको उबाल कर नियमित भोजन जैसे चावल आदि के साथ लिया जाना चाहिए. इसके अलावा कच्चे केले को सब्जी के रूप में बनाकर भी आहार के साथ लिया जा सकता है.

मेथी के दानें (Fenugreek seeds – dast ka gharelu upay in Hindi)

मेथी के दानें भी पेट के लिए अत्यंत गुणकारी होते हैं. मेथी के सूखे दानों को पीसकर इस चूर्ण को गुनगुने पानी के साथ लेने से दस्त(Loose Motion) में राहत मिलती है. इसे दिन में 2 से 3 बार अवश्य लेना चाहिए.

खजूर और शहद – दस्त दूर करने का आयुर्वेदिक उपाय (Dates and honey – loose motion ki ayurvedic dava)

खजूर और शहद दस्त ठीक करने का घरेलू और आयुर्वेदिक तरीका है. खजूर को भिगोकर पेस्ट बना लें. इसकी एक चम्मच मात्रा में 2 से 4 बूँद शहद मिलाकर गुनगुने पानी के साथ सेवन कर लें. दिन में 2 बार अह उपाय पेट की बिमारीयों को ठीक करता है और दस्त भी रोकता है.

घी और प्याज (Loose motion ke gharelu upay Hindi me – Ghee and onion)

अगर आपके पास शुद्ध शहद है तो प्याज के साथ इसका प्रयोग दस्त (Loose Motion) भगाने की दवा के रूप में किया जा सकता है. यह न केवल दस्त दूर करता है बल्कि दस्त के कारण होने वाले पेट दर्द और मरोड़ में भी राहत देता है. प्याज को काटकर शुद्ध घी में सुनहरा होने तक तल लें. जब यह सुनहरे हो जायें तो इसे सादे पके हुए चावल के साथ खा लें.

Loose Motion

हल्दी (Turmeric for curing loose motion in Hindi)

हल्दी में बहुत से गुण होते हैं जो शरीर के लिए लाभकारी होते हैं. दस्त (Loose Motion) दूर करने के लिए हल्दी का उपाय करने के लिए कच्ची हल्दी का प्रयोग श्रेष्ठ होता है. कच्ची हल्दी को धोकर साफ़ करें. इसे पीसकर पेस्ट बना लें. गुनगुने पानी में हल्दी के एक चम्मच पेस्ट को घोल कर दिन में दो बार लें. इससे दस्त जल्दी ठीक होने लगती है.

अनार का जूस (Pomegranate juice for loose motion)

अनार आयरन और ज़रूरी मिनरल्स से भरपूर होता है. अनार के दानों का जूस बना लें और दिन में 2 से 3 बार इस जूस को पीयें. इसमें दस्त को तुरंत रोकने का गुण होता है. यह शरीर में पानी आर ज़रूरी पोषक की कमी को भी पूरा करता है.